मेन्यू बंद करे

रीडिंग कैंपेन क्या है

देश में छात्रों की तर्क शक्ति, कल्पनाशक्ति और बेहतर तार्किक विकास के लिए भारत सरकार द्वारा कोई न कोई अभियान चलता रहता है। इसी तरह भारत सरकार ने ‘पढ़े भारत अभियान’ के तहत ‘Reading Campaign‘ शुरू किया है। अगर आप नहीं जानते की, रीडिंग कैंपेन क्या है तो इस लेख को ध्यान से पूरा पढे।

रीडिंग कैंपेन क्या है

रीडिंग कैंपेन क्या है

रीडिंग कैंपेन यह स्कूली छात्रों को सभी विषयों के साथ-साथ पढ़ने, लिखने, अंग्रेजी पढ़ने, लिखने और गणित दक्षता में सुधार पर विशेष जोर दिया जाने वाला कैंपेन है। स्कूलों के संस्था प्रमुख शिक्षकों द्वारा तैयार की गई कार्य योजना का निरीक्षण करते हैं और शिक्षकों द्वारा भरे गए फॉर्म ‘ए’ और स्वयं द्वारा भरे गए फॉर्म ‘बी’ को हर महीने नोडल में जमा किया जाता है। रिपोर्ट में सुधार नहीं होने पर संबंधित शिक्षक व प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई का भी संकेत दिया जाता है।

भारत सरकार देश के बच्चों के लिए ‘पढ़े भारत’ जैसा अभियान चलाती है। इसमें 100 दिनों तक चलने वाले ‘पढ़े भारत अभियान’ में छात्रों में लिखने, बोलने और पढ़ने की क्षमता विकसित करने के लिए विशेष कार्य किया जाता है। इस सौ दिन पर विशेष रूप से अभियान तैयार किया जाता है। इसमें छात्रों के हर ग्रुप को हर हफ्ते एक नया टारगेट दिया जाता है।

अभियान के तहत बच्चों के लिए पढ़ाई को रोचक बनाने पर जोर दिया जा रहा है ताकि छात्रों में किताबों के प्रति रुचि जीवन भर पैदा की जा सके। ऐसे अभियान के लिए मंत्रालय द्वारा एक साप्ताहिक कैलेंडर भी तैयार किया जाता है जिसमें कार्यक्रम के सभी दिशा-निर्देशों और प्रोटोकॉल को स्पष्ट किया होता है।

छात्र इन गतिविधियों को अपने शिक्षकों, माता-पिता या साथियों के साथ मिलकर कर सकते हैं। इस अभियान को सफल बनाने के लिए इसका डिजाइन न केवल सरल है बल्कि रोचक तरीके से तैयार भी किया जाता है। ताकि छात्र पढ़ाई से बोर न हों बल्कि किताबें पढ़ने का आनंद भी ले सकें।

यह भी पढे –

Related Posts