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मौखिक एवं अमौखिक संचार में क्या अंतर है

संप्रेषण का अर्थ संप्रेषण लोगों तथा पर्यावरण के साथ अन्तःक्रिया की प्रक्रिया है। जब हम अन्य लोगों से बातचीत करते हैं तो सूचनाओं, विचारों एवं अभिवृत्तियों को संप्रेषित करने के लिए भाषा का प्रयोग करते हैं। जब आपको पता चलता है कि आपका मित्र बीमार है, तब आप उसके स्वास्थ्य के बारे में पूछते है और उसके कुशलक्षेम के प्रति अपनी चिन्ता दिखाते हैं। इस लेख में हम मौखिक एवं अमौखिक संचार में क्या अंतर है जानेंगे।

मौखिक एवं अमौखिक संचार में क्या अंतर है

मौखिक एवं अमौखिक संचार में क्या अंतर है

1. मौखिक संप्रेषण: जब दो या दो से अधिक लोगों के बीच शब्दों का प्रयोग बातचीत के लिये किया जाए, तब उसे मौखिक संप्रेषण कहते हैं। यह लिखित व मौखिक दोनों रूप में हो सकता है। मौखिक संप्रेषण हमें लोगों के बीच तर्कपूर्ण बातचीत के साथ – साथ जानकारी तथा दिशा भी प्रदान करता है। यह हमारे जीवन की मूलभूत जरुरत है। शोधकर्ताओं ने यह पाया है कि लोग सामान्यतः एक दिन के 10 से 11 घंटे मौखिक संप्रेषण में लगाते हैं, जिसमें पढ़ना, बोलना, लिखना तथा सुनना आता है। मौखिक संप्रेषण के कुछ सामान्य रूप बातचीत, भाषण, पत्र, समाचार पत्र पत्रिकाएँ, फोन पर होने वाली बातचीत आदि हैं।

2. अमौखिक संप्रेषण: यहां ध्यान देना बहुत आवश्यक है कि अमौखिक संप्रेषण या हाव-भाव, पूरे संप्रेषण का 70 प्रतिशत भाग होता है, जबकि शब्द केवल 10 प्रतिशत। इसलिए मानवीय संप्रेषण के लिए अमौखिक संप्रेषण बहुत महत्वपूर्ण है। शारीरिक चेष्टाए, चेहरे के हाव भाव, शारीरिक मुद्राएँ, नेत्र सम्पर्क, आसन, शारीरिक उन्मुखता, दूरियाँ आदि कुछ अमौखिक संप्रेषण के रूप हैं। अमौखिक संप्रेषण निम्नलिखित मदद करते हैं:

● मौखिक संप्रेषण के तत्त्वों से हटकर प्रभाव बनाना;
● जो कहा गया उसे दृढतर करना;
● हमारी भावनाओं तथा अन्तरवैयक्तिक मनोवृत्ति को प्रकट करना;
● शक्ति, स्नेह, सम्मान, प्रभुता को प्रकट करने में सहायक;
● दूसरे के साथ होने वाली बातचीत को व्यवस्थित व नियंत्रित करना, और
● आत्म – प्रस्तुतिकरण में सहायक।

अमौखिक संप्रेषण के विभिन्न मार्ग हैं। यहाँ यह ध्यान रखना जरुरी है कि अमौखिक संप्रेषण पर संस्कृति का प्रभाव होता है, इसलिए उसे संस्कृति से जोड़ कर समझना जरुरी है। हाव-भाव, शारीरिक गतिविधियों से तथा नेत्र सम्पर्क आँख की गतिविधियों से सम्बन्धित हैं। ऊपर मौजूद दोनों व्याख्याओं से हमें मौखिक एवं अमौखिक संचार में क्या अंतर है ज्ञात होता है।

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